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HIGHLIGHTS
महाविद्यालय में प्रथम वर्ष में प्रवेश हेतु फार्म भरने की अन्तिम तिथि 25 जून 2024 : SSR for 3rd Cycle Accreditation (NAAC) :

दिग्विजयनाथ स्नातकोत्तर महाविद्यालय के संस्थापक


दिग्विजयनाथ स्नातकोत्तर महाविद्यालय की स्थापना 25 अगस्त 1969 को दिग्विजयनाथ डिग्री कालेज के रूप में हुई थी। यह संस्था 1932 ई. में स्थापित उ.प्र.की गौरवभूत अग्रणी शैक्षिक संस्था महाराणा प्रताप शिक्षा परिषद, गोेरखपुर के अन्तर्गत संचालित है। इस संस्था को राष्ट्रीय पुनर्निर्माण और शैक्षिक पुनर्जागरण के अग्रदूतयुगपुरूष ब्रह्मलीन महन्त दिग्विजयनाथ जी महाराज के कर कमलों द्वारा काल के वक्ष पर स्थापित कीर्ति स्तम्भ होने का गौरव प्राप्त है।

दिग्विजयनाथ स्नातकोत्तर महाविद्यालय के संस्थापक महन्त दिग्विजयनाथ जी महाराज
जन्म वैशाखी पूर्णिमा 1894 ई.
गोरखपुर आगमन 1899 ई.
महात्मा गाँधी का गोरखपुर में स्वागत एवं असहयोग आन्दोलन में भाग लेने के लिए औपचारिक शिक्षा एवं विद्यालय का परित्याग 1920 ई.
चौरीचौरा काण्ड में सहयोग, शिनाख्त के अभाव में बरी 1922 ई.
महाराणा प्रताप शिक्षा परिषद् की स्थापना 1932 ई.
योग दीक्षा 15 अगस्त 1933 ई.
गोरखनाथ मन्दिर में महन्त पद पर अभिषेक श्रावण पूर्णिमा 15 अगस्त 1935 ई.
हिन्दू महासभा की सदस्यता 1939 ई.
अखिल भारतवर्षीय अवधूत भेष बारहपन्थ योगी महासभा की स्थापना 1939 ई.
डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की अध्यक्षता में प्रान्तीय हिन्दू महासभा अधिवेशन का गोरखपुर में ऐतिहासिक आयोजन 1944 ई.
गाँधी हत्याकाण्ड में मिथ्या आरोप में बन्दी 1948 ई.
दस महीने बाद आरोप से ससम्मान बरी 1949 ई.
श्रीरामजन्मभूमि मुक्ति आन्दोलन का नेतृत्व 1949 ई.
पृथक पंजाबी सूबे के लिए मास्टर तारा सिंह के आमरण अनशन का सूझबूझ से समापन कराना 1956 ई.
गोरखपुर विश्वविद्यालय गोरखपुर की स्थापना 1958 ई.
अखिल भारतीय षड्दर्शन सभा सम्मेलन हरिद्वार की अध्यक्षता 1960 ई.
अखिल भारतीय हिन्दू सम्मेलन का दिल्ली में आयोजन 1961 ई.
अखिल भारतीय हिन्दू महासभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष (हिन्दू राष्ट्रपति)के रूप में निर्वाचन 1961 ई.
महन्त जी द्वारा दिल्ली में अखिल विश्व हिन्दू सम्मेलन का आयोजन 1965 ई.
गोरखपुर के सांसद निर्वाचित 1967 ई.
चिर समाधि 1969 ई.